किसान आंदोलन: गाजीपुर बॉर्डर से हटाई गई कीलें, किसानों से मिलने पहुंचे 8 दलों के सांसद; पुलिस ने बॉर्डर से ही लौटाया

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    देश की राजधानी दिल्ली की सीमाओं पर कृषि कानूनों के खिलाफ किसानों का विरोध प्रदर्शन जारी है। सिंघु बॉर्डर पर 71वां और गाजीपुर बॉर्डर पर किसानों के आंदोलन को आज 69वां दिन है। वहीं, विपक्षी नेताओं का दल किसानों से मिलने गाजीपुर बॉर्डर पहुंचा। लेकिन पुलिस ने पहले ही रोक दिया। 

    देश की राजधानी दिल्ली की सीमाओं पर कृषि कानूनों के खिलाफ किसानों का विरोध प्रदर्शन जारी है। सिंघु बॉर्डर पर 71वां और गाजीपुर बॉर्डर पर किसानों के आंदोलन को आज 69वां दिन है। वहीं, विपक्षी नेताओं का दल आज किसानों से मिलने गाजीपुर बॉर्डर पहुंच रहा है। 

    दिल्ली से कौशांबी की तरफ आने वाली सड़क पर गाजीपुर बॉर्डर के पॉइंट पर दिल्ली पुलिस द्वारा दो दिन पहले लगाई गई नुकीली कील को बृहस्पतिवार सुबह दिल्ली पुलिस ने ही हटवा दिया। दरअसल किसानों से मिलने के लिए 10 विपक्षी दलों के सांसद गाजीपुर बॉर्डर पर पहुंचे थे। मगर तारबंदी और बैरिकेडिंग के साथ लगी नुकीली कीलों से वह दिल्ली की सीमा से यूपी गेट तक नहीं पहुंच सके। इस दौरान दिल्ली पुलिस के लगातार छवि बिगड़ने से आला अधिकारियों ने नुकीली कीलों को हटवाने का निर्णय लिया। करीब एक घंटे पहले बिलाल नाम के कर्मचारी ने नुकीली कील को हटाने का काम शुरू किया था। 

    हरसिमरत कौर ने कहा कि यहां 3 किलोमीटर तक बैरिकेडिंग लगी हुई हैं। ऐसे में किसानों की क्या हालत हो रही होगी। हमें भी यहां रोका जा रहा है हमें भी उनसे मिलने नहीं दे रहे। 

    विपक्षी नेताओं का एक प्रतिनिधिमंडल गाज़ीपुर बॉर्डर पहुंच गया है। हालांकि विपक्षी दलों के प्रतिनिधिमंडल को पुलिस ने रोक दिया है। आपको बता दें कि विपक्षी नेताओं के प्रतिनिधिमंडल में एनसीपी सांसद सुप्रिया सुले, डीएमके सांसद कनिमोझी, एसएडी सांसद हरसिमरत कौर बादल और टीएमसी सांसद सौगत रॉय समेत कई नेता शामिल हैं।