छत्तीसगढ़: नक्सलियों से लोहा लेने वाले जवानों की शहादत को अमित शाह ने किया नमन, कहा- देश कभी नहीं भूलेगा बलिदान

    402

    छत्तीसगढ़ के सुकमा-बीजापुर बॉर्डर पर शनिवार को नक्सलियों से हुई मुठभेड़ में 8 जवानों की शहादत पर गृह मंत्री अमित शाह ने दुख जताया है. सूत्रों के मुताबिक उन्होंने शनिवार शाम छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री से बात की. हालात का जायजा लेने के लिए अमित शाह ने सीआरपीएफ के महानिदेशक को राज्य में पहुंचने के निर्देश दिए थे. सीआरपीएफ के डीजी कुलदीप सिंह ऑपरेशन का काम देखने और हालात का जायजा लेने आज सुबह छत्तीसगढ़ पहुंचे.

    गृहमंत्री ने ट्वीट कर कहा कि छत्तीसगढ़ में माओवादियों से लड़ते हुए शहीद हुए बहादुर सुरक्षाकर्मियों के बलिदान को वह नमन करते हैं. राष्ट्र उनकी वीरता को कभी नहीं भूलेगा. इसके साथ ही उन्होंने शहीदों के परिवारों के लिए संवेदना भी जताई. अमित शाह ने कहा कि शांति और प्रगति के इन दुश्मनों के खिलाफ हमारी लड़ाई जारी रहेगी.

    बता दें कि छत्तीसगढ़ में शनिवार को सुरक्षा बलों और नक्सलियों के बीच हुई मुठभेड़ के दौरान पांच जवान शहीद हो गए थे। छत्तीसगढ़ पुलिस के सूत्रों ने बताया है कि एनकाउंटर के बाद से अब तक कम से कम 15 जवान लापता हैं। वहीं, शहीद हुए पांच जवानों में से 2 के शव भी बरामद कर लिए गए हैं। मुठभेड़ में घायल 23 जवानों को बीजापुर के अस्पताल में भर्ती कराया गया है तो वहीं 7 जवानों को रायपुर अस्पताल भेजा गया है।

     राज्य के नक्सल विरोधी अभियान के पुलिस उप महानिरीक्षक ओपी पाल ने बताया कि शुक्रवार की रात बीजापुर और सुकमा जिले से केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल के कोबरा बटालियन, डीआरजी और एसटीएफ के संयुक्त दल को नक्सल विरोधी अभियान में रवाना किया गया था। उन्होंने बताया कि नक्सल विरोधी अभियान में बीजापुर जिले के तर्रेम, उसूर और पामेड़ से तथा सुकमा जिले के मिनपा और नरसापुरम से लगभग दो हजार जवान शामिल थे।

    पुलिस अधिकारी ने बताया कि आज दोपहर लगभग 12 बजे बीजापुर-सुकमा जिले की सीमा पर सुकमा जिले के जगरगुंड़ा थाना क्षेत्र के अंतर्गत जोनागुड़ा गांव के करीब नक्सलियों की पीएलजीए बटालियन तथा तर्रेम के सुरक्षा बलों के मध्य मुठभेड़ हुई। मुठभेड़ तीन घंटे से अधिक समय तक चली। पाल ने बताया कि अभी तक मिली जानकारी के अनुसार मुठभेड़ में कोबरा बटालियन का एक जवान, बस्तरिया बटालियन के दो जवानों तथा डीआरजी के दो जवानों (कुल पांच जवानों) की मृत्यु हुई है। इस दौरान 30 जवान घायल हुए हैं। घायल जवानों में से सात जवानों का रायपुर के अस्पताल में तथा 23 जवानों का इलाज बीजापुर के अस्पताल में किया गया है।

    मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने मुठभेड़ में पांच जवानों की शहादत पर दुख व्यक्त किया है। राज्य के वरिष्ठ अधिकारियों ने बताया कि बघेल ने शहीदों के परिजनों के प्रति संवेदना प्रकट करते हुए कहा है,’सुरक्षा बलों की शहादत व्यर्थ नहीं जाएगी। हमारे जवानों ने शौर्य का परिचय देते हुए नक्सलियों को भी भारी नुकसान पहुंचाया है। नक्सलियों के विरूद्ध सुरक्षा बल और भी तेजी से अभियान चलाएंगे।’ मुख्यमंत्री ने इस घटना में घायल जवानों को बेहतर इलाज की सुविधा उपलब्ध कराने का निर्देश दिया है। इस वर्ष मार्च माह की 23 तारीख को नक्सलियों ने नारायणपुर जिले में बारूदी सुरंग में विस्फोट कर बस को उड़ा दिया था। इस घटना में बस में सवार डीआरजी के पांच जवान शहीद हो गए थे।