केजरीवाल सरकार ने शुरू की तैयारी, दिल्ली में 2 करोड़ लोगों को कैसे लगेगी कोरोना की वैक्सीन

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कोरोना वैक्सीन की जल्द उपलब्धता की संभावनाओं के बीच दिल्ली में सत्तासीन आम आदमी पार्टी सरकार ने इसे लगाने की तैयारी शुरू कर दी है। सरकार ने राजधानी वासियों को यह वैक्सीन लगाने के लिए तमाम निजी अस्पतालों, पंजीकृत व गैर पंजीकृत नर्सिग होम से वहां कार्यरत पर डाक्टर, नर्स व पैरा मेडिकल स्टाफ की सूची मांगी है। यह सूची शनिवार तक स्वास्थ्य निदेशालय को भेजनी होगी। मुख्य सचिव ने भी सभी संबंद्ध अधिकारियों को कोरोना वैक्सीनेशन की तैयारियों को जल्द से जल्द अंतिम रूप देने के निर्देश दे दिए हैं।

दिल्ली सरकार के स्वास्थ्य निदेशालय द्वारा जारी आदेश में कहा गया है कि कोरोना वैक्सीन लगाने के लिए हेल्थ केयर वर्कर का पंजीकरण शुरू किया गया है। कई पंजीकृत अस्पताल व नर्सिंग होम ने अपने मानव संसाधन (एच-आर) का पूरा ब्योरा दिल्ली सरकार के स्वास्थ्य निदेशालय को भेज दिया है। जिन अस्पतालों व नर्सिंग होम, क्लीनिक व ओपीडी सेंटरों ने ऐसा नहीं किया है, उन्हें भी शनिवार तक अपने स्वास्थ्य कर्मियों की पूरी सूची स्वास्थ्य निदेशालय को भेजनी होगी।

इस आदेश में कहा गया है कि राजधानी दिल्ली के सभी अस्पताल व नर्सिंग होम (जिसमें एलोपैथिक, डेंटल अस्पताल, आयुष, फिजियोथेरेपी सेंटर, डायग्नॉस्टिक लैब या रेडियोलॉजी सेंटर शामिल हैं) अपने संस्थान में कार्यरत डॉक्टर, पैरा मेडिकल स्टाफ, सपोर्ट स्टाफ, सिक्योरिटी स्टाफ व सफाई कर्मियों की सूची भी निदेशालय को तुरंत उपलब्ध कराएं। यह सूची निदेशालय द्वारा दिए वेब लिंक पर भेजी जानी है। निजी क्लीनिकों व गैर पंजीकृत अस्पतालों को भी इसी वेब लिंक पर अपने स्वास्थ्य कर्मियों की सूची निदेशालय को देनी होगी।

मिली जानकारी के मुताबिक इस सूची का उपयोग स्वास्थ्य निदेशालय द्वारा सिर्फ कोरोना वैक्सीन लगाने संबंधी कार्य के लिए किया जाएगा, किसी अन्य कार्य के लिए नहीं। हालांकि कोरोना वैक्सीन जनवरी में उपलब्ध होने की संभावना है, लेकिन दिल्ली सरकार इसी सप्ताह राजधानी के सभी अस्पतालों व क्लीनिकों के डाक्टर व स्टाफ के पंजीकरण का काम पूरा करना चाहती है।

इस बीच मुख्य सचिव विजय कुमार देव ने भी बृहस्पतिवार शाम इस संबंध में आला अधिकारियों की एक बैठक ली। बैठक में निर्देश दिया कि कोरोना वैक्सीन उपलब्ध होते ही दिल्ली में भी इसको लगवाने के लिए हडबड़ी मच सकती है। ऐसे हालात से निपटने के लिए समय रहते पूरी तैयारी कर ली जानी चाहिए। अगर पहले से इसे लगाने वाले डॉक्टर, नर्स व पैरा मेडिकल स्टाफ का पंजीकरण हो चुका होगा तो वैक्सीनेशन का कार्य भी सहजता से हो सकेगा।