चमोली आपदा से प्रभावित एक पीड़ित परिवार के मसीहा बने सोनू सूद, पिता को खोने वाली 4 बच्चियों को लिया गोद

510

कोरोनावायरस महामारी के दौर में मसीहा बनकर उभरे अभिनेता सोनू सूद अब तक भी गरीबों की मदद करने में जुटे हुए हैं। सोनू ने लॉकडाउन के समय में गरीबों और जरूरतमंदों को सहायता प्रदान की। अब एक बार फिर से सोनू सूद ने चमोली में आई आपदा में एक पीड़ित परिवार की मदद के लिए हाथ आगे बढ़ाए हैं।

दरअसल, उत्तराखंड के चमोली जिले में आई आपदा से कई लोग बेघर हो गए हैं तो कई को अपनी जान से हाथ धोना पड़ा। अभी तक करीब 63 शव बरामद किए जा चुके हैं और कई लोग अब भी लापता है। इस दौरान बड़ी संख्या में लोग बेघर हो गए हैं और परिवार से बिछड़े लोगों के लिए इस सदमें से बाहर निकल पाना काफी मुश्किल साबित हो रहा है। ऐसे में एक परिवार की 4 बच्चियों के पिता उनसे हमेशा-हमेशा के लिए बिछड़ गए। सोनू ने उन बच्चियों की मदद करने का फैसला किया है।

बता दें कि सोनू सूद ने उन चारों बच्चियों को गोद लेने का फैसला किया है। दरअसल, बच्चियों के पिता मृतक आलम सिंह विष्णुगाड जल विद्युत परियोजना से जुड़ी ऋत्विक कंपनी में इलेक्ट्रीशियन के पद पर कार्यरत थे। आपदा के समय आलम टनल के अंदर काम कर रहे थे और उसके बाद नहीं लौटे। आठ दिन बाद उनके परिवार को उनका शव मलबे के नीचे दबा मिला। मृतक आलम सिंह अपने घर में कमाई करने वाले इकलौते शख्स थे।

ऐसे में आलम की पत्नी के कंधों पर अपनी और चार मासूम बच्चियों की जिम्मेदारी उठाने का बोझ आ गया है। यह बात पता चलते ही सोनू सूद ने पीड़ित परिवार की मदद करने का बीड़ा उठाया है। आलम सिंह के चारों बच्चों को गोद लेकर उनकी पढ़ाई का खर्च उठाने का भरोसा दिलाया है।

गौरतलब है कि सोनू सूद ने कोरोना महामारी की शुरुआत में ही गरीब परिवारों की मदद की थी। उन्होंने अपने खर्चे पर कई प्रवासी मजदूरों को उनके घर पहुंचाया था। इसके अलावा कई छात्रों की भी सहायता की थी। साथ ही वो अब भी लगातार लोगों की मदद करने में लगे हुए हैं।