नवाब मलिक ने समीर वानखेड़े पर बोला हमला, कहा – जब से NCB में आए हैं, वे पहले ही दिन से फिल्म इंडस्‍ट्री को टारगेट कर रहे

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राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी के नेता और महाराष्ट्र सरकार में मंत्री नवाब मलिक (Nawab Malik) ने एक बार फिर स्वापक नियंत्रण ब्यूरो (NCB) के जोनल निदेशक समीर वानखेड़े (Sameer Wankhede) को निशाना को निशाना बनाया है. नवाब मलिक ने औरंगाबाद के पास बीड में पत्रकारों से बातचीत में कहा, समीर वानखेड़े जब से एनसीबी (NCB) में आए हैं, वे पहले ही दिन से फ़िल्म जगत के लोगों को टारगेट कर रहे हैं. उनका महाराष्ट्र की सरकार (Maharashtra Govt) को बदनाम करने का उद्देश्य था.

महाराष्ट्र के मंत्री नवाब मलिक ने कहा, दो मामले खुले हैं और एक साल में एक भी गिरफ्तारी नहीं हुई है. लोगों को बुलाया जा रहा था और उनसे पैसा वसूला जा रहा था. झूठे मामले उठाए जा रहे थे. अगर जांच की गई तो और भी कई खुलासे होंगे. हम इसके लिए सीएम (एसआईटी जांच) की मांग करेंगे.

महाराष्ट्र के मंत्री नवाब मलिक ने औरंगाबाद में एनसीबी के जोनल डायरेक्टर समीर वानखेड़े पर लगाए अपने आरोप पर कहा, हम सीएम और एचएम से मिलेंगे. इसकी जांच एसआईटी के जरिए की जाएगी. इस शहर में एक साल तक अंजाम दिया गया एक संगठित अपराध को अंजाम दिया गया और करोड़ों रुपए वसूले गए.

बता दें बीते 21 अक्‍टूबर को मंत्री नवाब मलिक ने बृहस्पतिवार को दावा किया था कि झूठा केस में वानखेड़े के नेतृत्व में कुछ दिन पहले एनसीबी ने शाहरुख खान के बेटे आर्यन खान तथा अन्य लोगों को गिरफ्तार किया था. मलिक का दावा है कि नशीले पदार्थ की बरामदगी का मामला झूठा है और केवल व्हाट्सऐप संदेशों के आधार पर गिरफ्तारी की गई.

नवाब मलिक ने ने दावा किया था पिछले साल सुशांत सिंह राजपूत की मौत के बाद केंद्र सरकार ने विशेष रूप से वानखेड़े को एजेंसी में नियुक्त किया था. मलिक ने वानखेड़े को बोगस अधिकारी करार देते हुए कहा कि उनके खिलाफ एक बार सबूत बाहर आ जाएं तो वह एक दिन भी सरकारी सेवा में नहीं रह सकते. मलिक ने यह भी आरोप लगाया था कि एनसीबी ने राजपूत की दोस्त रिया चक्रवर्ती को झूठे मामले में फंसाया.

मलिक ने कहा था, ”सुशांत सिंह राजपूत की आत्महत्या के बाद, एनसीबी में एक विशेष अधिकारी को लाया गया. आत्महत्या का मामला सीबीआई को सौंप दिया गया लेकिन उनकी आत्महत्या या हत्या का रहस्य अभी तक नहीं सुलझा है. लेकिन उसके बाद एनसीबी ने फिल्म उद्योग के साथ खेल खेलना शुरू कर दिया.

मलिक ने कहा कि केवल व्हाट्सऐप संदेशों के आधार पर दर्जनों अभिनेताओं की एनसीबी के सामने परेड करवा दी गई. मंत्री नवाब मलिक ने कहा था, ” कुछ लोगों को झूठे आरोपों में फंसाने का प्रयास किया गया. कोविड-19 महामारी के दौरान, पूरा फिल्मोद्योग मालदीव में था. वह अधिकारी और उसका परिवार मालदीव और दुबई में क्या कर रहा था? इस पर समीर वानखेड़े को स्पष्टीकरण देना चाहिए.”

मलिक ने कहा था, ”हम मांग करते हैं कि वह स्पष्टीकरण दें कि वह दुबई में क्यों थे.” उन्होंने कहा, .जब पूरा फिल्मोद्योग मालदीव में था तो क्या वानखेड़े का परिवार भी वहां था? वहाँ जाने का उनका क्या मकसद था?” मलिक ने कहा था, ”हम बिलकुल स्पष्ट हैं. यह सब वसूली मालदीव और दुबई में हुई और मैं वो तस्वीरें जारी करूंगा.”

इसके बाद एनसीबी के जोनल डायरेक्‍टर समीर वानखेड़े ने मीडियाकर्मियों से बातचीत के दौरान खुद पर लगे सभी आरोपों को खारिज किया था. वानखेड़े ने कहा था, ‘ मेरी दुबई यात्रा को लेकर लगाए गए सभी आरोप झूठे हैं. यह गलत जानकारी है. जिस तारीख को लेकर मंत्री ने मुझ पर दुबई में होने का आरोप लगाया है, उस दिन में मुंबई में था.’

जब वानखेड़े से मालदीव में किसी सेलिब्रिटी से मुलाकात के बारे में पूछा गया तो उन्होंने कहा, ”मैं वहां किसी से नहीं मिला था. यह सब अनुमति लेकर किया गया. सबकुछ वैध था. कुछ गलत नहीं किया. जब उनसे मलिक के बयान के बारे में पूछा गया कि वानखेड़े साल के आखिर तक सरकारी सेवा में नहीं रहेंगे, इस पर उन्होंने कहा था, वह बड़े मंत्री हैं और मैं अदना सा सरकारी सेवक. अगर वह देश की सेवा, ईमानदारी से काम करने और मादक पदार्थ रोधी कार्रवाई के लिए मुझे जेल भेजना चाहते हैं तो मैं इसका स्वागत करता हूं.’