गोल्ड को लेकर मोदी सरकार ने बनाया नया कानून, इस दिन से होगा लागू

272

केंद्र की मोदी सरकार ने गोल्ड हॉलमार्किंग नियमों को अगले साल पूरे देश में लागू करने जा रही है. इसी साल जनवरी महीने में केंद्र सरकार ने सोने के आभूषणों में हॉलमार्किंग को अनिवार्य करने का फैसला लिया था. अब पूरे देश में 1 जून 2021 से गोल्ड हॉलमार्किंग अनिवार्य हो जाएगी. अब ज्वेलर्स आम उपभोक्ता को ठग नहीं पाएंगे, क्योंकि इसके साथ ही देश में नया उपभोक्ता संरक्षण अधिनियम 2019 भी लागू हो गया है. यह नया नियम सोने के गहनों पर भी लागू होगा. इस नए कानून के लागू हो जाने के बाद अब अगर

बता दें कि अब आपको अगर 22 कैरेट का सोना बताकर 18 कैरेट का सोना बेचा तो जूलर्स को जुर्माना और जेल भी हो सकता है. केंद्र सरकार ने इसी साल जनवरी में नोटिफिकेशन जारी कर कहा था कि गोल्ड ज्वेलरी पर अनिवार्य हॉलमार्किंग 15 जनवरी 2021 से लागू होगी, लेकिन इसी साल जुलाई महीने में केंद्र सरकार ने इसको लागू करने की तारीख 1 जून 2021 कर दी थी.

ज्वेलर्स एसोसिएशन लगातार दलील दे रही थी कि इतने कम समय में लागू करना मुश्किल होगा. इस प्रक्रिया के तहत ज्वेलर्स को ब्यूरो ऑफ इंडियन स्टैंडर्ड यानी BIS के तहत खुद को रजिस्टर्ड कराना होता है. ज्वेलर्स की दलील थी कि वक्त बहुत कम मिला है. इसी साल जुलाई महीने में ज्वेलर्स ने केंद्र सरकार से डेडलाइन की समयसीमा बढ़ाने की मांग की थी, जिसे सरकार ने स्वीकार कर लिया था.

हॉलमार्क एक तरह की सरकारी गारंटी है और इसे देश की एकमात्र BIS तय करती है. हॉलमार्क देखकर खरीदने का यह फायदा है कि अगर आप निकट भविष्य में जब भी इसे बेचने जाएंगे तो आपको कम दाम नहीं मिलेंगे, बल्कि आपको सोने का खरा दाम मिलेगा.