मेरठ जिले से राहत की खबर, कोरोना संक्रमण और इससे मौत की दर, दोनों में ही गिरावट देखि जा रही है

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सर्दियों में कोरोना वायरस के खतरनाक बनने की आशंका थी, लेकिन गनीमत है कि ऐसा नहीं हुआ। माहभर में संक्रमण की दर 5-6 फीसद से घटकर करीब सवा फीसद रह गई, वहीं मेडिकल कालेज में गत सप्ताह यानी 9-15 दिसंबर के बीच सिर्फ दो मरीजों की जान गई। पहले सप्ताह में 46 मौतें हो चुकी हैं।

मेडिकल कालेज के प्राचार्य डा. ज्ञानेंद्र सिंह ने बताया कि दिल्ली के साथ ही मेरठ में भी कोरोना वायरस कमजोर पड़ा है। माहभर पहले कोविड वार्ड में भर्ती होने वालों की संख्या 120 से ज्यादा थी, वहीं पिछले सप्ताह महज 30 मरीज भर्ती हुए। सप्ताह में पांच दिनों तक एक भी मरीज की जान नहीं गयी। इससे पहले 20 से 26 मई के बीच 28 मरीज भर्ती हुए, जिनमें दो की मौत हो गयी थी।

एक से 14 जुलाई के बीच दोनों सप्ताहों में आठ और नौ मरीजों की जान गई। जून और सितंबर में सप्ताह में मौतों का आंकड़ा 33 और 46 तक पहुंच गया था। मुख्यमंत्री ने मेरठ में कोरोना नियंत्रण के लिए पांच बार टीमों को भेजा। दीवाली में बाजार में भीड़ बढऩे से मरीजों की संख्या तेजी से बढ़ी। आखिरकार अब संक्रमण का ग्राफ छह माह के न्यूनतम स्तर पर आ गया है।