लोकसभा में वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण का कांग्रेस पर पलटवार – ‘दामाद’ को कई राज्यों में जमीनें मिलीं

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संसद के बजट सत्र के पहले चरण का आज आखिरी दिन है। संसद के बजट सत्र के पहले चरण का आज आखिरी दिन है। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने लोकसभा में आज बजट पर चर्चा का जवाब देते हुए एक बार फिर कांग्रेस और राहुल गांधी पर निशाना साधा और कहा कि ‘हम दो हमारे दो’ आपके यहां है। इसका मतलब है कि हम दो लोग पार्टी संभालेंगे और दो अन्य लोग ( बेटी और दामाद) अन्य चीजों का ध्यान रखेंगे। हम ऐसा नहीं करते हैं। 50 लाख स्ट्रीट ट्रेडर्स को एक वर्ष के पूंजी के रूप में 10,000 रुपये दिए गए हैं। वे कोई पूंजीपति नहीं हैं।

निर्मला सीतारमण ने आगे कहा कि जो लोग हम लगातार पूंजीपतियों के लिए काम करने का आरोप लगाते हैं उनके लिए पीएम स्वनिधि योजना उदाहरण है। पीएम स्वनिधि योजना पूंजीपतियों के लिए नहीं है। कुछ राज्यों (राजस्थान और हरियाणा) में जब एक पार्टी की सरकार थी तब दमाद को वहां भूमि दी गई। हमारे क्रोनी कौन हैं? हमारे क्रोनी इस देश की आम जनता है। क्रोनी कहां हैं? वे शायद उस पार्टी के साये में छिप रहे हैं, जिसे लोगों ने अस्वीकार कर दिया है।

वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने लोकसभा में आज बजट पर चर्चा का जवाब देते हुए कहा कि महामारी जैसी चुनौतीपूर्ण स्थिति भी सरकार को उन सुधारों को लाने से नहीं रोक सकी, जो इस देश के दीर्घकालिक विकास के लिए आवश्यक हैं। ये सुधार भारत को विश्व की शीर्ष अर्थव्यवस्थाओं में से एक बनाने के लिए मार्ग प्रशस्त करेंगे। इस बजट ने भारत के लिए आत्मनिर्भर बनने की गति निर्धारित की है।

सीतारमण ने आगे कहा कि यह बजट नीतियों पर आधारित है। हमने अर्थव्यवस्था को खोला और कई सुधार किए। भाजपा ने लगातार भारत, भारतीय व्यवसाय और अर्थव्यवस्था की मजबूती पर विश्वास किया। यह जनसंघ से लेकर अभी तक चल रहा है। भारतीय उद्यम जिस सम्मान के हकदार थे हमने वह दिया।

  • निर्मला सीतारमण ने कहा,’ कहा गया कि भाषण में रक्षा क्षेत्र के बारे में कोई उल्लेख नहीं था। रक्षा के बारे में जानकारी क्यों छिपाई गई? 2013-14 में 1,16,931 करोड़ रुपये का रक्षा खर्च इतना बड़ा है कि जब तक कि हम इसे तीन भाग में नहीं करते तब तक राजस्व, पूंजी, पेंशन के बारे में सही जानकारी नहीं मिल पाती।’ 2013-14 में राजस्व के तहत 1,16,931 करोड़ रुपये , पूंजी के तहत 86,741 करोड़ और 44,500 करोड़ रुपये पेंशन के तहत आवंटित किए गए थे। अब राजस्व के तहत 2,09,319 करोड़, पूंजी के तहत 1,13,734 करोड़ और पेंशन के तहत 1,33,825 करोड़ रुपये आवंटित किए गए हैं।
  • निर्मला सीतारमण ने आगे कहा,’ बजट भाषण में, मैंने बहुत स्पष्ट रूप से कहा था कि हम स्वास्थ्य के लिए एक समग्र दृष्टिकोण ले रहे हैं। इसमें प्रिवेंटिव हेल्थ, क्यूरेटिव हेल्थ और वेल-बीइंग शामिल हैं। मैं दृढ़ता से यह कहना चाहूंगी कि इसमें पानी और स्वच्छता लाने के बावजूद, स्वास्थ्य के लिए आवंटन में कमी नहीं आई है। इसके विपरीत, यह बढ़ गया है।’
  • लोकसभा में वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने आगे कहा कि सवाल था कि आपने कृषि बजट को 10 हजार करोड़ क्यों कम किया? आपको किसानों की चिंता नहीं है? इसे ठीक से नहीं समझा गया क्योंकि पीएम किसान सम्मान योजना के शुरू होने से लेकर 10.75 करोड़ किसानों के बैंक खातो में 1.15 लाख करोड़ ट्रांसफर किया गया।

-वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने शुक्रवार को राज्यसभा में बजट पर चर्चा का जवाब दिया था। राज्यसभा में बजट पर चर्चा का जवाब देते हुए उन्होंने विपक्ष पर जमकर निशाना साधा। इस दौरान उन्होंने कहा कि बजट को लेकर विपक्षी दलों की तरफ से भ्रम फैलाया जा रहा है। यह बजट आत्मनिर्भर भारत का लक्ष्य हासिल करने वाला बजट है। विपक्ष इसे लेकर गलत धारणाएं बना रहा है।

  • वित्त मंत्री सीतारमन ने शुक्रवार को राज्यसभा में बजट पर चर्चा का जवाब देते हुए विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि विपक्ष को गलत आरोप लगाने का आदत हो गई है। उन्होंने कहा कि गरीबों और जरूरतमंदों के लिए काम हो रहा है। इसके बाद भी यह झूठा नैरेटिव बनाया जा रहा है कि सरकार केवल पूंजिपतियों के लिए काम कर रही है। इस दौरान उन्होंने प्रधानमंत्री आवास योजना और प्रधानमंत्री सौभाग्य योजना समेत कई योजनाएं गिनाए, जो देश के गरीबों के लिए लागू की गई हैं।
  • गौरतलब है कि एक फरवरी को लोकसभा में वित्त वर्ष 2021-22 का बजट पेश किया गया था। आमतौर पर वित्त मंत्री बजट पर चर्चा का जवाब पहले लोकसभा में देती हैं, लेकिन इस बार उन्होंने पहले राज्यसभा में जवाब दिया। नए कृषि कानूनों पर विपक्ष के हंगामे के कारण लोकसभा में चर्चा की शुरुआत राज्यसभा के बाद हुई।
  • बता दें कि आज लोकसभा की कार्यवाही सुबह 10 बजे से शुरू हो जाएगी। राज्यसभा की कार्यवाही रद कर दी गई है। कोरोना प्रोटोकॉल के तहत संसद की कार्यवाही दो शिफ्ट में हो रही थी। सुबह में राज्यसभा और शाम में लोकसभा की कार्यवाही आयोजित हो रही थी। सत्र का दूसरा चरण 8 मार्च से 8 अप्रैल तक आयोजित होगा। सत्तारूढ़ भाजपा ने अपने सभी सांसदो को शनिवार को सदन में उपस्थित रहने का निर्देश दिया है।